साहित्य चक्र

28 March 2020

जन-जन तक जनता कर्फ्यू का प्रचार करो

कोरोना पर पाबन्दी
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कुछ दिनों की थोड़ी पाबन्दी स्वीकार करो।
घर में रहकर जनता कर्फ्यू का सत्कार करो।।

न करो आनाकानी न भीड़ में जाओ तुम।
अकेले बन्द रहने से भाई अब न इनकार करो।।

कोरोना की जंग लड़ें बिना मिले हम साथ साथ।
 हो जाओ तैयार प्रधान सेवक पर एतबार करो।।

जंग लड़ो सब कोरोना से  और देश से दूर करो।
जन-जन तक जनता कर्फ्यू का फिर प्रचार करो।।

थोड़ी पाबन्दी कर  अब  ,जीवन अपना निरोग करो।
वैश्विक महामारी से बचने का, सिर्फ तुम इकरार करो।।

                                       डॉ. राजेश पुरोहित


27 March 2020

बंद करो खिलवाड़ प्रकृति से



नई बीमारी हुई इज़ात
रख दिया जिसका कोरोना नाम ।
पल भर में फैला पूरे विश्व में
मचा दिया है जिसने कोहराम।।

चीन में मिला जिसका पहला मरीज
आज हुआ इतना बड़ा अंजाम ।
मौत कर डाली हज़ारों में
लक्षण जिसके सर्दी,खांसी और ज़ुकाम।।

निकलो सब मास्क पहनकर बाहर
सावधानी बरतो अमीर या हो आम। 
इसकी बनी नहीं कोई दवा अभी तक
पूरी दुनिया कर रही त्राहिमाम।।

बंद करो खिलवाड़ प्रकृति से
नहीं तो होगा यही अंजाम।
कभी कोरोना,कभी फुलू बनकर
मचता रहेगा विश्व मे कोहराम।।

                                   शुभम पांडेय गगन


कोरोना आया है

गीत 


कोरोना आया है, आया है ,कोरोना आया है ।
साथ में अपने ये महामारी लाया है,  लाया है। 
कोरोना आया है ,आया है , कोरोना आया है। 
सबको इसने पेशंट बनाया है,  बनाया है।।
कोरोना आया है,  आया है ,कोरोना आया है।  
ना जाने इसने कितनो को यमराज के पास पहुँचाया है।। 
कोरोना आया है, आया है, कोरोना आया है। 
कैमिस्ट का धंधा भी बढ़ाया है ...बढाया है। 
इसने सबका धंधा भी चौपट कराया है ....कराया है। 
कोरोना आया है, आया है ,कोरोना आया है ।।
सबको इसने घर मे बैठाया है..... बैठाया है।  
कोरोना आया है , आया है ,कोरोना आया है ।
बाज़ार भी बंद कराया है...... कराया है।। 
कोरोना आया है,  आया है,  कोरोना आया है।।....
                                    
                                               मनन तिवारी 


जनहित के नियमों का पालन


है हावी कोरोना जग पर,निपटेंगे हुशियारी से ।
जनहित के नियमों का पालन ,करलें जिम्मेदारी से ।


रोग भयंकर अरु निदान के, कहीं लगे आसार नहीं ।
दूरी सबसे हुई जरूरी, दूजा कुछ उपचार नहीं ।
इस संकट से हमें उबारो, विनती है गिरधारी से ।।1।।
जनहित के नियमों का पालन .........।


भली-भांति हाथों को धोएं, मूहँ मास्क से ढकना हैं ।
बाहर से कोई आये तो, सेनिटाइज करना है।
खतरा टल जाए मत डरना, मनुज किसी दुश्वारी से ।।2।।
जनहित के नियमों का पालन  .........।


द्रवित हृदय है,ख़ौफ़ बढ़ा है, फिर नर क्या मगरूरी है ।
लॉकडाउन का पूर्ण रूप से, पालन हुआ जरूरी है।
अब घर में रह तनिक कटो तुम, दुनियां, दुनियादारी से ।।3।।
जनहित के नियमों का पालन .........।


श्री मोदी  आग्रह का पालन, करलो इक्किस दिवस सभी ।
हर इक जरुरत की व्यवस्था है, पाँव बांध लो जरा अभी ।
धीर धरो संयम मत खोना, क्या हो मारामारी से ।।4।।
जनहित के नियमों का पालन  .........।

                                    रीना गोयल 


कोरोना-कोरोना अब बहुत हो गया तेरा रोना...





कोरोना-कोरोना
हो रहा चारों तरफ तेरा रोना।
सब हो रहे हैं दूर - दूर
पास आना नहीं किसी को मंजूर।
घर की खुली जेल में
कर दिया तूने सबको बंद।
सब काम -काज छोड़ अपना
बैठे हैं अपनों के संग।
सूनी-सूनी हैं सड़कें
सूनी-सूनी हैं गलियां।
चारों तरफ लगता है 
जैसे डाला हो तूने डेरा।

पर ना समझ कमजोर हमको
ठान के बैठे हैं हम भी,
आने न देंगे पास तुझे
जितना करना चाहे कर ले जतन तू भी।
चाहे कितना ही लगे लॉकडाउन
चाहे धोने हों हाथ बार-बार
चाहे ना जा पाएं घर से बाहर
पर सामना तो हम करेंगे तेरा।

होकर सभी एकमत
स्वास्थ्य रक्षकों के निर्देशों को मानकर
कर देंगे तुझे हम बाहर ।
मातम हम नहीं
मातम मनाएगा तू
ये सोचकर कि 
क्यूं आया मैं इस भारत की जमीं पर।
समय है सावधानी बरतने का
समय है नादानियों से बचने का
अपनों के लिए जीने का
अपनों को अपनी इस दुनिया में 
जिंदा रखने का।
कोरोना-कोरोना
अब बहुत हो गया तेरा रोना।

                                                 तनूजा